BHU और DAV में गूंजे शहीद भगत सिंह के विचार: समाजवादी छात्रसभा ने स्मृति सभा व विचारगोष्ठी आयोजित कर लिया सामाजिक न्याय का संकल्प

Bhagat Singh Jayanti Smriti Sabha BHU Central Library
बीएचयू केंद्रीय ग्रंथालय परिसर  में शहीद भगत सिंह की जयंती पर आयोजित स्मृति सभा में उपस्थित छात्र। फोटो: बीएचयू डायरीज। 


वाराणसी (28 सितंबर 2026): महान क्रांतिकारी शहीद-ए-आज़म सरदार भगत सिंह की जयंती के अवसर पर काशी हिन्दू विश्वविद्यालय (BHU) के केंद्रीय ग्रंथालय परिसर तथा डीएवी पीजी कॉलेज इकाई में समाजवादी छात्रसभा द्वारा गरिमामय स्मृति सभा एवं विचारगोष्ठी का आयोजन किया गया। छात्रों ने भगत सिंह के चित्र पर माल्यार्पण कर उनके क्रांतिकारी विचारों, सामाजिक न्याय और लोकतांत्रिक मूल्यों के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराई।

केंद्रीय ग्रंथालय परिसर में स्मृति सभा: 'अन्याय और गैर-बराबरी के खिलाफ आवाज उठाना ही सच्ची श्रद्धांजलि'

बीएचयू केंद्रीय ग्रंथालय परिसर में आयोजित स्मृति सभा की अध्यक्षता छात्र नेता प्रतीक ने की। कार्यक्रम की शुरुआत शहीद भगत सिंह के चित्र पर श्रद्धा-सुमन अर्पित कर की गई।

सभा को संबोधित करते हुए समाजवादी छात्रसभा बीएचयू इकाई के अध्यक्ष हिमांशु यादव ने कहा कि भगत सिंह का जीवन युवाओं के लिए साहस, संघर्ष और वैचारिक स्पष्टता की मिसाल है। उन्होंने रेखांकित किया कि भगत सिंह का सपना केवल राजनीतिक स्वाधीनता तक सीमित नहीं था, बल्कि वे एक ऐसे समतामूलक समाज की स्थापना चाहते थे जहाँ मनुष्य द्वारा मनुष्य का शोषण समाप्त हो। आज के दौर में युवाओं को तर्कशील बनना होगा और जनहित के मुद्दों पर मुखर होकर सवाल पूछने होंगे।

अध्यक्षीय संबोधन में प्रतीक ने कहा कि भगत सिंह के विचारों को याद करना केवल एक औपचारिकता नहीं, बल्कि वर्तमान परिस्थितियों में छात्रों और युवाओं के भीतर सामाजिक दायित्व का बोध जगाने का माध्यम है। वहीं आनंद कुमार, आदित्य कुमार और विश्वास यादव ने भी विचार रखते हुए भगत सिंह के दर्शन को छात्र आंदोलन की दिशा तय करने वाला बताया।


Samajwadi Chhatra Sabha members at BHU Central Library lawn observing Bhagat Singh Jayanti smriti sabha
बीएचयू डीएवी कॉलेज में शहीद भगत सिंह की जयंती पर आयोजित स्मृति सभा में उपस्थित छात्र। फोटो: बीएचयू डायरीज। 


डीएवी पीजी कॉलेज में विचारगोष्ठी संपन्न

विश्वविद्यालय के मुख्य परिसर के साथ-साथ संबद्ध डीएवी पीजी कॉलेज इकाई में भी भगत सिंह की जयंती पर विचारगोष्ठी का आयोजन किया गया। वक्ताओं ने युवा चेतना, लोकतांत्रिक संवाद और अधिकारों की रक्षा के संकल्प के साथ वैचारिक अभियानों को निरंतर जारी रखने का आह्वान किया।

छात्रों की व्यापक सहभागिता

कार्यक्रम के दौरान परिसर 'इंक़लाब ज़िंदाबाद' के नारों से गूंज उठा। इस अवसर पर प्रिंस वीर, आनंद कुमार, गुड्डू सिंह, शिवम यादव, अभिनंदन गोंड, राज सिंह, संदीप प्रजापति, नितिन सोनकर, सभाजीत यादव, अनुरुद्ध यादव, सूरज, आदर्श, रितम सिंह, अभिषेक गोप, देवेन्द्र यादव, अभिलाष यादव, अभिषेक मीणा, अंकित यादव, अतुल यादव, अविनाश यादव, कुलदीप और नीरज सहित बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।

विश्वविद्यालय परिसरों में भगत सिंह के विचारों पर संवाद छात्रों को केवल किताबी ज्ञान तक सीमित न रखकर उन्हें समाज, संविधान और जनसरोकारों से जोड़ने की दिशा में एक सार्थक पहल है।

एक टिप्पणी भेजें

0 टिप्पणियाँ