वाराणसी/नई दिल्ली: बनारस हिन्दू विश्वविद्यालय (BHU) के लिए गौरव का एक और अवसर सामने आया है। विश्वविद्यालय के शोधार्थी और छात्रों की टीम ने National Handloom Hackathon 2026 में शानदार प्रदर्शन करते हुए “Sustainability & Environmental Impact” श्रेणी में Third Prize (तृतीय पुरस्कार) हासिल किया है।
इस उपलब्धि को हासिल करने वाली टीम में Department of Painting के Research Scholar असीम मंडल तथा Faculty of Law की छात्राएं/छात्र कृति मिश्रा और अभिदीप्श प्रशांत सागर शामिल हैं। राष्ट्रीय स्तर की इस प्रतियोगिता में देशभर से लगभग 2,500 प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया था, जिसके बीच BHU की टीम का शीर्ष तीन में जगह बनाना विश्वविद्यालय के लिए महत्वपूर्ण उपलब्धि है।
National Handloom Hackathon 2026 में BHU टीम को तीसरा स्थान
BHU की टीम ने Sustainability & Environmental Impact श्रेणी में अपने नवाचार आधारित विचार के माध्यम से निर्णायकों का ध्यान आकर्षित किया। टीम का विचार पहले चरण में देशभर से प्राप्त प्रविष्टियों में से Top 100 में चुना गया। इसके बाद दिल्ली में आयोजित प्रस्तुति के चरण में टीम ने आगे बढ़ते हुए Top 40 में अपनी जगह बनाई।
Top 40 में पहुंचने के बाद टीम को अपने विचार को और बेहतर बनाने के लिए विशेषज्ञों की सलाह और mentorship का अवसर मिला। टीम ने विशेषज्ञ मार्गदर्शन के आधार पर अपने विचार को और विकसित किया और अंतिम चरण में jury के सामने अपने refined concept की प्रस्तुति दी। इसी अंतिम चरण के बाद टीम को “Sustainability & Environmental Impact” Category में Third Position हासिल हुई।
करीब 2,500 प्रतिभागियों के बीच बनाई पहचान
National Handloom Hackathon 2026 में देशभर से लगभग 2,500 प्रतिभागियों की भागीदारी रही। इतने बड़े स्तर की प्रतियोगिता में शुरुआत में Top 100, फिर Top 40 और अंततः अपनी category में Third Prize तक पहुंचना BHU की टीम के लिए उल्लेखनीय उपलब्धि है।
यह उपलब्धि यह भी दिखाती है कि विश्वविद्यालय के विद्यार्थी और शोधार्थी पारंपरिक कला, handloom और sustainability जैसे क्षेत्रों को आधुनिक नवाचार और समस्या-समाधान के दृष्टिकोण से देखने की दिशा में काम कर रहे हैं।
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| National Handloom Hackathon 2026 में Third Prize हासिल करने वाली BHU टीम |
Top 100 से Top 40 और फिर Final Stage तक पहुंची टीम
टीम की सफलता केवल अंतिम पुरस्कार तक सीमित नहीं रही। प्रतियोगिता के अलग-अलग चरणों में टीम को लगातार आगे बढ़ने का अवसर मिला।
- पहला चरण: टीम का विचार देशभर की प्रविष्टियों में से Top 100 में shortlisted हुआ।
- दूसरा चरण: दिल्ली में presentation के बाद टीम ने Top 40 में जगह बनाई।
- तीसरा चरण: shortlisted teams को विशेषज्ञ guidance और mentorship प्रदान की गई।
- अंतिम चरण: टीम ने अपने refined concept को jury के सामने प्रस्तुत किया।
- परिणाम: Sustainability & Environmental Impact Category में Third Prize हासिल किया।
असीम मंडल, कृति मिश्रा और अभिदीप्श प्रशांत सागर की टीम ने हासिल की उपलब्धि
इस राष्ट्रीय उपलब्धि में BHU के तीन सदस्यों की टीम शामिल रही। इसमें Department of Painting के Research Scholar असीम मंडल, Faculty of Law की कृति मिश्रा और Faculty of Law के अभिदीप्श प्रशांत सागर शामिल हैं।
अलग-अलग academic backgrounds से आने वाले टीम सदस्यों ने मिलकर sustainability और environmental impact पर केंद्रित अपने innovative idea को प्रतियोगिता के विभिन्न चरणों में प्रस्तुत किया। उनके विचार को पहले shortlist किया गया और बाद में विशेषज्ञों के guidance के साथ उसे और विकसित करने का अवसर मिला।
नई दिल्ली में हुआ सम्मान
टीम को medals और certificates देकर सम्मानित किया गया। यह सम्मान Dr. Ambedkar International Centre, New Delhi में आयोजित कार्यक्रम के दौरान प्रदान किया गया।
यह कार्यक्रम Indian Institute of Handloom Technology (IIHT) – SUTRA 2026 के First Conclave के अवसर पर आयोजित किया गया था। यह आयोजन National Handloom Day के अवसर से जुड़ा हुआ था।
Development Commissioner (Handlooms), Ministry of Textiles की पहल
National Handloom Hackathon 2026 का आयोजन Development Commissioner (Handlooms), Ministry of Textiles, Government of India की पहल के रूप में किया गया। Hackathon का उद्देश्य handloom sector से जुड़े विभिन्न क्षेत्रों में innovation और नए विचारों को प्रोत्साहित करना था।
ऐसे national-level platforms विद्यार्थियों और young innovators को अपने ideas को विशेषज्ञों के सामने रखने और उन्हें वास्तविक समस्याओं के समाधान की दिशा में विकसित करने का अवसर प्रदान करते हैं।
Sustainability और Environmental Impact Category में क्यों महत्वपूर्ण है यह उपलब्धि?
BHU टीम ने जिस category में Third Prize हासिल किया, वह Sustainability & Environmental Impact थी। आज innovation के साथ sustainability और environmental impact को जोड़ना तेजी से महत्वपूर्ण होता जा रहा है।
Handloom sector की अपनी पारंपरिक पहचान है और इसके साथ sustainability से जुड़े प्रश्न भी जुड़े हुए हैं। ऐसे में इस क्षेत्र में नए और उपयोगी ideas विकसित करने वाले विद्यार्थियों और शोधार्थियों को राष्ट्रीय स्तर पर पहचान मिलना महत्वपूर्ण है।
BHU टीम की उपलब्धि इसी संदर्भ में देखी जा सकती है। टीम ने अपने innovative idea को competition के विभिन्न stages में लगातार विकसित किया और अंततः national-level jury के सामने अपनी प्रस्तुति देकर category में तीसरा स्थान हासिल किया।
विशेषज्ञों की Mentorship से idea को मिला नया आयाम
Top 40 में पहुंचने के बाद shortlisted teams को experts की guidance और mentorship दी गई। इस चरण का उद्देश्य प्रतिभागियों को अपने ideas को और बेहतर तरीके से विकसित करने में मदद करना था।
BHU की टीम ने भी इस अवसर का उपयोग अपने concept को refine करने के लिए किया। अंतिम प्रस्तुति से पहले विचार को बेहतर तरीके से विकसित किया गया और फिर jury के सामने प्रस्तुत किया गया। यही पूरी प्रक्रिया इस उपलब्धि को केवल एक पुरस्कार तक सीमित नहीं रखती, बल्कि innovation journey के रूप में भी महत्वपूर्ण बनाती है।
BHU के लिए गौरव का अवसर
बनारस हिन्दू विश्वविद्यालय देश के प्रमुख higher education institutions में शामिल है, जहां विभिन्न academic disciplines के विद्यार्थी और शोधार्थी अपने-अपने क्षेत्रों में काम करते हैं। National Handloom Hackathon जैसे मंच पर BHU की टीम का national-level recognition प्राप्त करना विश्वविद्यालय के students और researchers के लिए भी प्रेरणादायक है।
विशेष रूप से Painting और Law जैसे अलग-अलग academic backgrounds से जुड़े सदस्यों का एक साथ innovation competition में आगे बढ़ना interdisciplinary collaboration की संभावनाओं को भी सामने लाता है।
National Handloom Hackathon 2026: BHU टीम की पूरी उपलब्धि एक नजर में
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| प्रतियोगिता | National Handloom Hackathon 2026 |
| श्रेणी | Sustainability & Environmental Impact |
| उपलब्धि | Third Prize / Third Position |
| टीम सदस्य | असीम मंडल, कृति मिश्रा और अभिदीप्श प्रशांत सागर |
| संबंधित विभाग | Department of Painting और Faculty of Law, BHU |
| कुल प्रतिभागिता | लगभग 2,500 प्रतिभागी |
| पहला चयन | Top 100 |
| अगला चरण | Top 40 |
| सम्मान | Medal और Certificate |
| सम्मान स्थल | Dr. Ambedkar International Centre, New Delhi |
अंतिम चरण में हासिल किया Third Prize
National Handloom Hackathon 2026 में BHU टीम की यात्रा Top 100 से शुरू होकर Top 40 और फिर final jury presentation तक पहुंची। विशेषज्ञों की mentorship के बाद टीम ने अपने विचार को और विकसित किया और अंतिम चरण में Sustainability & Environmental Impact category में Third Position हासिल की।
टीम को medals और certificates के साथ सम्मानित किया गया। BHU के लिए यह उपलब्धि इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि national-level competition में हजारों प्रतिभागियों के बीच टीम ने अपनी जगह बनाई और अपने innovative work के लिए podium finish हासिल किया।
BHU Diaries की ओर से असीम मंडल, कृति मिश्रा और अभिदीप्श प्रशांत सागर को इस उल्लेखनीय उपलब्धि के लिए हार्दिक बधाई।



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